पशु आहार उद्द्योग Cattle feed Manufacturing Business in Hindi

पशु आहार उद्द्योग Cattle feed Manufacturing Business in Hindi

गाय, भैंस, बकरी जैसे जानवर तभी अधिक मात्रा में दूध देते हैं जब उन्हें पौष्टिक आहार खिलाया जाए। इसके लिए आजकल बहुत ही पशु चारा कंपनियां आ गई है जो पशुओं के लिए बढ़िया चारा बनाती है। इसे खिलाकर कोई भी किसान अपने पशुओं से अधिक मात्रा में दूध प्राप्त कर सकता है।

ग्रामीण भारत में इस उद्योग की बहुत मांग है। ग्रामीण क्षेत्रों में हर घर में पशु होते हैं। कुछ लोग व्यवसाय के लिए भी बड़ी मात्रा में पशु- गाय, भैस, बकरी, मुर्गी, भेड़ जैसे पशु पालते हैं। उनको खिलाने के लिए चारे की आवश्यकता होती है। बहुत से लोगों ने पशु आहार उद्योग शुरू किया है। वो इसमें अच्छा मुनाफा कमा रहे हैं।

पशु आहार उद्द्योग Cattle feed Manufacturing Business in Hindi

आज के लेख में हम आपको पशु आहार उद्योग के बारे में विस्तृत जानकारी देंगे। फार्मिंग करने वाले व्यवसाई और पशुपालक पशु आहार को खरीदने आते हैं। इसकी डिमांड भी बहुत अधिक है। भारत में इस समय पशु आहार उद्योग का बाजार 80 मेगा टन है।

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पशु आहार उद्योग लगाने के लिए आवश्यक मशीनरी

  • हाथ से चलने वाले उपकरण
  • पशु आहार मिलाने के लिए 100 किलो की क्षमता वाला मिक्सर
  • दाने(चारा) पीसने के लिए ग्राइंडर
  • भाप मापक यंत्र
  • बैग को सिलने वाली मशीन
  • Pulverizer
  • 10 HP मोटर के साथ स्टार्टर

पशु आहार बनाने के लिए कच्चा माल

  • गेहूं का भूसा
  • धान का भूसा
  • चने के छिलके
  • गुड
  • चावल और मक्के के मोटे टुकड़े
  • सूखा गन्ना
  • सूखे भुट्टे की डंठल
  • DE oiled cake
  • अनाज, चोकर, खलियाँ, दाल चुनियाँ,
  • खनिज पदार्थ

पशु आहार बनाने की विधि

कच्चा माल जैसे गेहूं की भूसी, धान की भूसी, चने के छिलके और दूसरे चीजों को मिक्सर की मदद से अच्छी तरह मिला दिया जाता है। उसके बाद Pulverizer से दबाकर इससे इक्षित आकार में बनाया जाता है। इस मिश्रण को स्टोरेज बिन में डाल दिया जाता है, जहां सामग्री को अच्छी तरह मिलाया जाता है। इसमें गुड़ भी मिलाया जाता है। इसके बाद मिश्रित सामग्री हॉपर में जाती है।

हॉपर से एक बाल्टी इस सामग्री को टेंपरिंग स्क्रू की तरफ भेजती है, जहां पर पशु आहार को खुली भाप दी जाती है जिससे चारा नरम हो सके। अब चारे को टेंपरिंग स्क्रू से pellet cooler की तरफ भेज दिया जाता है जहाँ पशु आहार को ठंडा किया जाता है।

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पशु आहार में होने वाला खर्च

इस उद्योग को लगाने के लिए आपको 2 से 3 लाख रूपये  की पूंजी लगानी होगी।  कच्चा माल आपको बाजार में 12 से 15 रूपये  किलो के हिसाब से मिल जाएगा। यह उद्योग लगाने के लिए आपको 5 से 10 कर्मचारी भी रखने पड़ेंगे। पशु आहार बनाने वाली मशीने आप बाजार से या indiamart की वेबसाइट से ऑनलाइन भी खरीद सकते है।

पशु आहार उद्द्योग की आवश्यक बातें

इस उद्द्योग को वहां लगाना चाहिए जहां पर लोगो के पास ढेर सारे पशु हों। इस उद्योग को चलाने के लिए बिजली की बहुत जरूरत है इसलिए बिजली की अच्छी आपूर्ति उस जगह होनी चाहिए। निर्मित पशु चारा 30 से 40 रूपये किलो में आसानी से बिक जाता है।

यह उद्योग उस स्थान पर लगाना चाहिए जहां पर गेहूं, चावल, मक्का, जंव, भूसी जैसा कच्चा माल आसानी से प्राप्त हो जाए। मुख्यतः इस तरह के उद्योग ग्रामीण कस्बों के पास लगाये जाते हैं। वहां पर कच्चा माल भी आसानी से प्राप्त हो जाता है और ग्राहक भी आसानी से मिल जाते हैं।

पशु आहार की मार्केटिंग कैसे करें

आपको ग्रामीण कस्बों की सभी दुकानों में अपना पशु चारा उपलब्ध करवाना चाहिए। इसके साथ ही पंपलेट छपवाकर इसे ग्रामीण कस्बों में बांटना चाहिए। जिससे किसानों और दूसरे पशुपालकों को आपके पशु आहार के बारे में पता चले।

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यदि आपका मार्केटिंग बजट अधिक है तो आप टीवी, रेडियो और अखबार में विज्ञापन भी दे सकते हैं। इससे सभी लोगों को आप के पशु आहार के बारे में पता चल जाएगा और बिक्री तेज हो जाएगी। पशु मेले में आप अपना स्टाल लगाकर अपने पशु आहार को किसानों को दिखा सकते हैं। उसका प्रचार कर सकते हैं। इससे आपको बहुत फायदा होगा।

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